जूस थेरेपी द्वारा शरीर में होने वाले लाभ और हानि । Advantages and disadvantages of body through juice therapy.

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Juice Therapy रस चिकित्सा जूस थेरेपी द्वारा शरीर में होने वाले लाभ और हानि । Advantages and disadvantages of body through juice therapy. जूस थेरेपी,  Juice therapy शरीर   के शुद्धिकरण, रोग मुक्ति और शक्ति स्फूर्ति व रोग प्रतिरोधक क्षमता में बढ़ोतरी के लिए जूस थेरेपी,  Juice therapy   बेजोड़ है। विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में यह प्राकृतिक उपचार अपनाने से कायाकल्प हो जाता है। दोस्तो आइये जाने कुछ चुनिंदा फल-सब्जियों द्वारा जूस थेरेपी, Juice therapy  के वारे में और उनसे क्या-क्या लाभ और हानि हो सकती है कैसे इसका सेवन करें : फल-सब्जियों के रस (Juice) या रसाहार द्वारा चिकित्सा प्रायः सभी रोगों में उपयोगी हो सकती है। लेकिन इसका प्रयोग किस रूप में किसको करना चाहिए, इसके पीछे वैज्ञानिक तथ्य जुड़े होते हैं। रसों का प्रयोग कब करें और कब नहीं करना चाहिए यह भी जानना उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि विभिन्न रसों के गुण धर्म जानना।        रस या Juice का प्रयोग स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभदायी है यह तो सभी जानते हैं, लेकिन साथ ही यह भी जान...

सुखद सेक्स (Sex) की दुश्मन है फ्रिजिडिटी (Frigidity)

सुखद सेक्स की दुश्मन है फ्रिजिडिटी 

सेक्स से मिलने वाला आनंद मैरिड लाइफ को खुशहाल बनाए रखता है, जबकि इसका अभाव पति-पत्नी की लाइफ में जहर घोल देता है। फ्रिजिडिटी एक ऐसी समस्या है, जिसमें सेक्स की इच्छा ही कम अथवा समाप्त हो जाती है, जिससे खुद तो सेक्स के निराले सुख से वंचित होना ही पड़ता है, भरपूर सहयोग के अभाव में पार्टनर भी इससे वंचित रहने को मजबूर हो जाता है। इसलिए ऐसी किसी भी समस्या को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।


फ्रिजिडिटी मैरिड लाइफ में जहर घोलने वाली एक गंभीर समस्या है। दरअसल यह अपने आप में कोई रोग नहीं, बल्कि एक प्रकार का सिम्पटम है, जो शारीरिक कमजोरी, मानसिक थकावट, खून की कमी, पार्टनर के साथ मतभेद आदि कारणों से उत्पन्न हो जाता है। पार्टनर का व्यवहार मन के मुताबिक न होने पर स्त्री या पुरुष में अकसर फ्रिजिडिटी की समस्या धीरे-धीरे अपनी जड़ें जमा लेती है। 
ज्यादातर लोग यह मानते हैं कि फ्रिजिडिटी की समस्या केवल पुरुषों में ही होती है, जबकि ऐसी बात नहीं है। स्त्रियों में भी कई कारणों से सेक्स के प्रति अरुचि हो जाती है और वे धीरे-धीरे इस कदर फ्रिजिडिटी की शिकार हो जाती हैं कि पति के करीब आने से ही उन्हें घबराहट होने लगती है। इसलिए स्त्री और पुरुष दोनों को ही इस मामले में सचेत रहना चाहिए तथा खुद में या पार्टनर में इस प्रकार का सिम्पटम मिलते ही इसे कंट्रोल करने की कोशिश करनी चाहिए।

स्त्रियां क्या करें?

  • पति के प्रति जरा-सी भी अरुचि की स्थिति बनने लगे, तो स्त्री को सबसे पहले यह सोचना चाहिए कि ऐसा क्यों हो रहा है, पहले तो ऐसा नहीं था। पाॅजिटिव बदलाव के लिए इतना सोचना काफी है। जब स्त्री खुद की खामियों व कमियों की ओर ध्यान देना शुरू कर देती है, तो अपने आप ही उसमें प्रेम व समर्पण की भावना बढ़ती है तथा मैरिड लाइफ खुशियों से सराबोर हो उठती है।
  • मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि जब व्यक्ति अपने साथ वाले में नयापन देखने की कोशिश करने लगता है और नयापन नहीं देख पाता है, तो उससे नफरत करने लगता है और फिर उसके प्रति उसकी नफरत बढ़ती ही जाती है। स्त्री में भी यही स्थिति बन जाती है, जब पति उसके सपनों पर खरा नहीं उतर पाता है। अतः स्त्री वास्तविकता में जीने की कोशिश करे और सपने को हकीकत से न जोड़े। सब कुछ अपने मुताबिक नहीं, बल्कि अपने पति के मुताबिक भी होने दे, ताकि वह उसके करीब आ सके।
  • पुरुषों की तुलना में स्त्रियों में खून की कमी की समस्या अधिक होती है और इस कारण से ज्यादातर स्त्रियों में फ्रिजिडिटी की शिकायत हो जाती है। अतः खून की कमी के कारण इस प्रकार की समस्या होने पर मूल कारण को दूर करना जरूरी है। 15 दिनों तक रोजाना 200 ग्राम अंगूर का सेवन इस दृष्टि से फायदेमंद होगा। रोजाना 250 ग्राम पपीता खाएं। आलूबुखारा का मौसम हो, तो रोजाना इसका 1 गिलास शर्बत पिएं। रोजाना 4-5 चीकू खाएं। बदहजमी या गैस्ट्रिक की समस्या हो, तो सुबह में खाली पेट अग्निसार क्रिया करें। इससे बदहजमी दूर होने के साथ-साथ खुलकर भूख लगने लगती है तथा खून पर्याप्त मात्रा में बनने लगता है।
  • यदि शारीरिक कमजोरी के कारण फ्रिजिडिटी की शिकायत हो गयी हो, तो शारीरिक फिटनेस की ओर पूरा ध्यान दें। छिलका सहित सेब और गाजर बराबर मात्रा में लेकर अलग-अलग कद्दूकस कर लें और सुबह में खाली पेट नाश्ते के समय खाएं। इसके बाद 2 घंटे तक और कुछ न खाएं। ऐसा करने से जहां शरीर में शक्ति-स्फूर्ति की बढ़ोतरी होगी, वहीं फालतू चर्बी दूर होगी, खून शुद्ध होकर रंग निखरेगा और फ्रिजिडिटी दूर होकर मन में प्रेम, अनुराग व सेक्स की इच्छा उत्पन्न होगी।
  • मानसिक थकान पूरे शरीर के साथ-साथ सेक्सुअल डिजायर पर भी बुरा असर डालती है। अतः इससे बचने के लिए रात में 6-8 घंटे की नींद लें, समय से नाश्ता, लंच व डिनर लें तथा अपनी कैपेसिटी से अधिक काम न करें। कलह-क्लेश मानसिक थकान का प्रमुख कारण है, इसलिए घर में अपने व्यवहार-बर्ताव से ऐसा माहौल न तैयार करें, जिससे पति आपको दुखी करे या आप दुखी हों।

पुरुष क्या करें?

  • पुरुष कोई भी काम क्यों न करता हो, समय से घर पर आए, ताकि घर का माहौल खुशहाल बना रहे। पत्नी को खुश रखने के लिए यह बात बहुत मायने रखती है। ध्यान रहे, पत्नी के बुरे व्यवहार-बर्ताव के कारण ही पुरुषों में उसके प्रति अरुचि का जन्म होता है और फिर फ्रिजिडिटी की समस्या उत्पन्न हो जाती है।
  • ज्यादातर मामलों में मानसिक कारणों से फ्रिजिडिटी की समस्या होती है। पुरुष अपनी पत्नी को हमेशा खूबसूरत देखना चाहता है, उसमें अपने मुताबिक बदलाव देखना पसंद करता है। लेकिन केवल चाहने से बात नहीं बनती है। पुरुष अपनी पत्नी से बताए भी कि वह उसमें क्या बदलाव देखना चाहता है। मन की बात बताना जरूरी है, क्योंकि इससे फ्रिजिडिटी की शिकायत दूर होती है और लाइफ पार्टनर में दिलचस्पी बढ़ती है।
  • हालांकि रूपये-पैसे की कमी स्त्री-पुरुष दोनों की ही सेक्सुअल लाइफ पर बुरा असर डालती है और दोनों में फ्रिजिडिटी का कारण बनती है, फिर भी पुरुष सबसे अधिक प्रभावित होता है, क्योंकि क्योंकि ज्यादातर परिवारों में धन की व्यवस्था पुरुष ही करता है। अतः पुरुष अपनी नौकरी आदि के प्रति पूरी ईमानदारी बरतें और आर्थिक स्थिति को कमजोर न पड़ने दें।
  • खून की कमी, कमजोरी आदि कारणों से केवल स्त्रियां ही नहीं, पुरुष भी प्रभावित होते हैं और उनमें भी इन कारणों से सेक्स के प्रति अरुचि उत्पन्न होकर फ्रिजिडिटी हावी हो जाती है। अतः पुरुष अपने खान-पान व लाइफ स्टाइल पर ध्यान दें। 2 ग्राम दालचीनी और 10 ग्राम काले तिल पीसकर सेवन करने के बाद ऊपर से 1 गिलास गुनगुना गुनगुना दूध पिएं या फिर 8-10 काजू चबाकर ऊपर से आधा लीटर दूध पिएं। इससे खून की कमी दूर होकर फ्रिजिडिटी में भी पूरा लाभ मिलता है।
  • कभी-कभी मानसिक थकान या ओवर वर्क लोड के कारण भी पुरुषों में फ्रिजिडिटी की समस्या उत्पन्न हो जाती है तथा नौकरी छूटने का डर भी सेक्सुअल डिजायर को बुरी तरह प्रभावित करता है। अतः इन कारणों को लेकर उचित रवैया अपनाया जाना चाहिए।
  • देशी घी में लहसुन की कुछ कलियां भूनकर रोजाना लेने से पुरुष की स्तंभन शक्ति बढ़ती है तथा सेक्स पाॅवर बढ़ने से फ्रिजिडिटी की समस्या उत्पन्न ही नहीं होती।
  • बादाम की गिरियां (भिगोकर छीली हुई) व काली मिर्च (6-6 नंग), 2 ग्राम सोंठ और मिश्री मिलाकर चबाकर खाने के बाद ऊपर से दूध पीने से पुरुषों की सभी सेक्सुअल प्राॅब्लम दूर होकर फ्रिजिडिटी में लाभ मिलता है। स्त्रियों के लिए भी यह प्रयोग फायदेमंद है।
  • 2 अखरोट की गिरियां, 4 बादाम की गिरियां (रात में पानी में भिगोयी हुईं) और 7 मुनक्के (बीज निकाले हुए) रोजाना सुबह में चबाकर या पीसकर खाने तथा ऊपर से 250 मि.ली. मिश्रीयुक्त दूध पीने से शारीरिक व मानसिक शक्ति में बढ़ोतरी होकर स्त्री-पुरुष दोनों में ही यौन उत्तेजना का विकास होता है तथा फ्रिजिडिटी दूर होती है।
दोस्तो आपको फ्रिजिडिटी की समस्या से संबंधित जानकारी कैसी लगी Comment करके जरूर बताएं तथा Like और  Share भी कर दें।

धन्यवाद!

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